अब प्राचार्य भी धूम्रपान करने वाले व बेचने वालों का काट सकेंगे चालान

बिलासपुर। कोटपा एक्ट के तहत जिले को धूम्रपान मुक्त जिला बनाने का लक्ष्य रखकर कार्य किया जा रहा है। इसके तहत सरकारी कार्यालय और स्कूल-कालेज को धूम्रपान मुक्त बनाने कलेक्टर ने सभी राजपत्रित अधिकारियों को धूम्रपान करने और बेचने वालों के खिलाफ चालानी कार्रवाई करने की शक्ति दी है। इसी के तहत कलेक्टर अवनीश शरण ने कोटपा एक्ट को प्रभावी तरीके से लागू करने और जिले को धूम्रपान मुक्त बनाने प्रभावी कदम उठाए है। उन्होंने अब हर राजपत्रित अधिकारी को भी चालानी कार्रवाई करने की शक्ति दे दी है। इसके तहत वे भी धूम्रपान बेचने और उसका सेवन करने वालों पर चालानी कार्रवाई कर सकते हैं। ऐसे में राजपत्रित अधिकारी होने से स्कूल, कालेज के प्राचार्य भी चालानी कार्रवाई कर सकेंगे। इससे एक फायदा यह मिलेगा कि उनके स्कूल के दायरे में होने वाले पान ठेलों के साथ ऐसे दुकान जो पान, गुटखा, बीड़ी, सिगरेट बेचते हैं, उनपर कार्रवाई कर सकेंगे। ऐसा करने से स्कूल क्षेत्र धूम्रपान मुक्त बन सकेगा। अधिकारी कलेक्टर अवनीश शरण का यह भी निर्देश है कि सभी सरकारी कार्यालय धूम्रपान मुक्त होना चाहिए। इसकी निगरानी के लिए उन्होंने हर सरकारी कार्यालय में नोडल अधिकारी नियुक्त करने के निर्देश दिए हैं। नोडल अधिकारी कार्यालय के सभी अधिकारी-कर्मचारियों को धूम्रपान करने से रोकने का काम करेंगे और यदि कोई भी धूम्रपान करते हुए पाया गया तो उसके खिलाफ चालानी कार्रवाई भी करेंगे। कलेक्टर अवनीश शरण का निर्देश है कि प्रशासन की टीम एक बार फिर धूम्रपान मुक्त जिला बनाने के लिए अभियान चलाए। इसके अंतर्गत स्वास्थ्य विभाग, पुलिस विभाग के साथ ही इससे संबंधित विभाग समन्वय बनाकर एक टीम तैयार करे और शहर में चालानी कार्रवाई करे, ताकि सार्वजनिक स्थानों में धूम्रपान का सेवन व बिक्री पूरी तरह से बंद हो सके।