भोपाल। राजधानी भोपाल में सड़क दुर्घटना के लिए जिम्मेदार ब्लैक स्पॉट की संख्या बढ़ी है। वर्ष 2023 में जहां ब्लैक स्पॉट 14 थे वहीं 2024 में बढ़कर 16 हो गए हैं। वहीं 2024 में सड़क हादसों से मरने वालों की संख्या में भी इजाफा हुआ है। 2024 में कुल 235 लोग सड़क हादसों का शिकार हुए हैं, जबकि 2023 में यह संख्या 196 थी। शहर के जोन-1 में 11 क्वार्टर, व्यापमं चौराहा, 1250 चौराहा, प्लेटिनम प्लाजा, तरूण पुष्कर ब्लैक स्पॉट हैं। जबकि जोन-2 में गोविंदपुरा, टर्निंग, आईएसबीटी, रत्नागिरी तिराहा, कोर्ट चौराहा, पर्यावास भवन, आॅशिमा मॉल तिराहा, समरधा ब्रिज, 11 मिल, बागसेवनिया चौराहा वहीं जोन 3,4 में करोंद सड़क, खजूरी सड़क, निशातपुरा ब्लैक स्पॉट बनकर उभरे हैं। पिछले साल 2024 में कुल 2900 सड़क दुर्घटनाओं में कुल 2900 लोग घायल हुए हैं। ये हादसे रेड स्पॉट और हाट स्पॉट में हुए हैं। 
क्या होता है ब्लैक स्पॉट
 ब्लैक स्पॉट वह होते हैं, जहां सड़क में आधा किलोमीटर के क्षेत्र में एक साल में पांच गंभीर सड़क हादसे हुए हों, या 10 से अधिक लोगों की मृत्यु हुई हो। 
तीन माह के लिए छिनेगा लाइसेंस
लापरवाही पूर्वक वाहन चलाने पर वाहन चालकों का तीन माह के लिए लाइसेंस निलंबित होगा। सड़क दुर्घटनाएं रोकने के लिए सरकार ने यह निर्णय लिया है। इसके लिए मापदंड निर्धारित कर रेड स्पॉट और हॉट स्पॉट चिन्हित किए जा रहे हैं। ये ऐसे स्थान होंगे, जहां सड़क दुर्घटनाएं ज्यादा होती हैं। जिला सड़क संरक्षा समितियों की बैठक में सड़क हादसों के मामले में राज्य के मुख्य सचिव अनुराग जैन ने यह निर्देश दिए हैं। इसके लिए कलेक्टर को रोड सेफ्टी प्लान बनाने के लिए कहा गया है।  टैÑफिक पुलिस ने 2023 में 265 वाहन चालकों और 2024 में जनवरी से सितंबर तक 204 वाहन चालकों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उनके लाइसेंस निलंबित किए हैँ। 
पिछले पांच साल में हुए हादसे
साल    हादसे    मौत
2020    2828    165
2021    2186    145
2022    2788    205
2023    2906    196
2024    2900    235